पिकी

पिकी की फुल्लियां 

नाक मे आभूषण पहनने का रिवाज सिर्फ महिलाओ मे ही प्रचलित है. महिलाये सामान्यत: नाक मे एक तरफ ही फुल्ली , नथ पहनती है. कुछ समाज विशेष मे नाक के दोनो तरफ फुल्ली पहनी जाती है।
बस्तर के जनजातीय समाज मे महिलाये नाक के दोनो तरफ फुल्ली पहनती है. इसमे दो तरह की फुल्ली चलन मे है. एक गोलाकार जाली फुल्ली होती है और दुसरी फुल्ली शंकु की तरह होती है ज़िसे गोंडी भाषा में मोसोकुटा कहा जाता है।
प्राय: बस्तर की सभी आदिवासी महिलाये सोने से बनी ये दोनो फुल्लियां पहनती है.
प्रस्तुत चित्र फुल्ली पहने आदिवासी किशोरी का है ज़िसे स्थानीय भाषा मे पिकी कहते है. पिकी का यह सुंदर चित्र जिस किसी भी ने लिया उसे सादर धन्यवाद.
इससे पूर्व जनजातीय समाज मे प्रचलित आभूषणो मे सुता , करधन , रूपया माला की जानकारी दे चुका हूँ. यह पोस्ट चौथी कड़ी है. 

Comments

Popular posts from this blog

कर्णेश्वर मंदिर सिहावा

विलुप्ति के कगार पर - बस्तर का वन भैंसा

सातधार जलप्रपात Satdhar Watefall Barsur